जो तुम साथ होते



जो तुम साथ होते तो कितनी हसीं होती ज़िन्दगी..
जो होते कांटे राहों में, फूल बन तुम बिछ जाते 
जो तूफ़ान डगमगाता लौ को, सहारा देने तुम रौशनी बन जाते 
जो दोराहे मिलते चुनने को, अनुभव से तुम आसान बनाते
जो प्यास लगती अंधियारी रात में, तुम गंगा ला प्यास बुझाते 
जो हाथ कंपकंपाता कभी, तुम हाथ थाम आगे बढाते 
कितनी हसीं होती ज़िन्दगी जो तुम साथ होते
'आसान ज़िन्दगी मगर, ज़िन्दगी नहीं होती'
यही सोचा होगा ना तुमने मेरे लिए .. 


3 comments:

Swati said...

:').. it says everything i feel :')

Raphael said...

ahhhhh...sadness and longing...very nice

Aadii said...

@swatu, :')

@varunda, :)